बिहार 24 लाइव पटना// पारस नाथ की खास खबर!
पटना -18.12.2025 को नीतीश कुमार, मुख्यमंत्री, बिहार के कर कमलों द्वारा साक्ष्य संग्रहण एवं अपराध के अनुसंधान में सहायता हेतु 34 चलंत फोरेंसिक वाहनों का लोकार्पण किया गया, जिसमें विशिष्ट अतिथि सम्राट चौधरी, उप मुख्य (गृह) मंत्री, बिहार, विजय कुमार सिन्हा, उप मुख्यमंत्री, बिहार एवं मंत्री, विजय कुमार चौधरी शामिल हुए। मौके पर अपर मुख्य सचिव, गृह विभाग, अरविन्द कुमार चौधरी, पुलिस महानिदेशक, बिहार, विनय कुमार, अपर पुलिस महानिदेशक, अपराध अनुसंधान विभाग, पारसनाथ समेत अन्य वरीय पदाधिकारी उपस्थित रहें।
नए आपराधिक कानूनों में सात वर्ष या सात वर्ष से अधिक दण्ड वाले अपराधों में फॉरेंसिक विशेषज्ञों की भागीदारी को अनिवार्य किया गया है। इस क्रम में विधि विज्ञान प्रयोगशालाओं की निरंतरता के साथ सुदृढ़ किया जा रहा है।
विधि विज्ञान प्रयोगशालाओं के विशेषज्ञों की टीम के घटनास्थल निरीक्षण हेतु 34 नये मोबाइल फोरेंसिक वैन क्रय किया गया है, ताकि त्वरित रूप से विशेषज्ञों द्वारा घटनास्थल का भ्रमण किया जा सके। इन मोबाइल फोरेंसिक वैन की मदद से साक्ष्य संकलन को समयबद्ध, सटीक और तकनीकी रूप से प्रमाणिक बनाने में काफी मदद मिलेगी।
ये 34 नये मोबाइल फोरेंसिक वैन अत्याधुनिक उपकरणों से सुसज्जित हैं, जिनमें डीएनए सैंपल कलेक्शन किट, फिंगरप्रिंट और फुटप्रिंट लिफ्टिंग सिस्टम, साइबर फॉरेंसिक टूल, दस्तावेज परीक्षण साधन, रक्त-शारीरिक द्रव संग्रह उपकरण, विस्फोट जाँच किट, ड्रग डिटेक्शन किट, उच्च गुणवत्ता कैमरा और वीडियो डॉक्यूमेंटेशन सिस्टम उपलब्ध हैं।
इनकी मदद से अपराधिक घटनास्थल पर तत्काल विधि विशेषज्ञों द्वारा साक्ष्य संकलन, साक्ष्यों का संरक्षण, और चेन ऑफ कस्टडी का पालन आसानी से किया जाना संभव हो सकेगा तथा साक्ष्यों के नष्ट होने या छेड़छाड़ की संभावना न्यूनतम हो जायेगी।
